Date/16/08/2026
Haldwani/Uttarakhand prime 24×7
हल्द्वानी। सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने आज हल्द्वानी में कुमाऊँ मंडल के नवनिर्मित उपनल कार्यालय भवन का उद्घाटन किया। लगभग 1.50 करोड़ की लागत से निर्मित इस भवन से पूर्व सैनिकों, उनके आश्रितों तथा उपनल से जुड़े कार्मिकों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध होंगी। इस अवसर पर सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि हल्द्वानी कुमाऊँ मंडल का प्रवेश द्वार है और यहां बड़ी संख्या में पूर्व सैनिक एवं उनके परिजन निवास करते हैं। ऐसे में उपनल का सुसज्जित और सुविधायुक्त कार्यालय होना आवश्यक था। उन्होंने कहा कि पूर्व में उपनल कार्यालय छोटे से कमरे में संचालित होने के कारण पूर्व सैनिकों और अन्य लोगों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था। नए भवन के निर्माण से इन समस्याओं का समाधान होगा।
सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि उपनल के माध्यम से प्रदेशभर में पूर्व सैनिकों और उनके आश्रितों को रोजगार उपलब्ध कराया जा रहा है। अब विदेशों में भी रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि विदेशों में मैनपावर की काफी मांग है और इस संबंध में बातचीत चल रही है। उम्मीद है कि आगामी एक माह के भीतर विदेश सेवा से संबंधित प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। इसका लाभ पूर्व सैनिकों, उनके आश्रितों के साथ-साथ अन्य योग्य युवाओं को भी मिलेगा। सैनिक कल्याण मंत्री ने घोषणा की कि अग्निवीरों को भी विदेशों में रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए जाएंगे। इसके लिए लगभग 50 प्रतिशत अग्निवीरों को उपनल के माध्यम से विदेशों में रोजगार से जोड़ने की दिशा में प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि इस पहल से सैनिक परिवारों के साथ-साथ प्रदेश के युवाओं को भी बेहतर रोजगार के अवसर प्राप्त होंगे।
सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि राज्य सरकार सैनिकों एवं पूर्व सैनिकों के कल्याण के लिए लगातार महत्वपूर्ण निर्णय ले रही है। उपनल में कार्यरत कर्मचारियों के लिए दुर्घटना बीमा सुविधा को मजबूत करते हुए बीमा कवर 15 हजार से बढ़ाकर 50 लाख किया गया है। इसके लिए पंजाब नेशनल बैंक के साथ समझौता किया गया है। उन्होंने कहा कि सीमा पर तैनात सेना एवं पैरामिलिट्री के जवानों के बलिदान की स्थिति में मिलने वाली सहायता राशि को भी 10 लाख से बढ़ाकर 50 लाख किया गया है। शहीदों के परिजनों की इच्छा के अनुरूप उनके नाम पर सड़क, विद्यालय अथवा अन्य संस्थान का नामकरण करने की दिशा में भी सरकार कार्य कर रही है।