
Date/20/07/2026
Dehradun/ Uttarakhand prime 24×7
देहरादून। श्री बद्रीनाथ केदारनाथ मंदिर समिति अध्यक्ष हेमंत दिवेदी ने गणेश गोदियाल के अनर्गल आरोपों को कांग्रेस के शर्मनाक कृत्यों से ध्यान भटकाने की कोशिश बताया है। कहा, जिस तरह एक कार्यकर्ता और छात्रा की मौत के गमगीन माहौल में गोदियाल समेत तमाम कांग्रेसी अपने युवराज के स्वागत में बेशर्मी से नाचते नजर आए, वो उनकी खराब मानसिकता को दर्शाता है। वहीं पलटवार कर कहा, जिन्होंने समिति के करोड़ों रुपए के संसाधन अपनी सेवा में खर्च किए, जिन्होंने मंदिर को चंदे में मिले दान को अपने चहेतों पर लुटाया, उनका मंदिर पर ज्ञान और नैतिकता का पाठ देना दुर्भाग्यपूर्ण है। फिलहाल मुख्यमंत्री धामी के निर्देश पर गड़बड़ी और चोरी आदि सभी प्रकरण पर जांच चल रही है और जो भी दोषी पाया गया, उसे किसी कीमत पत्र बख्शा नहीं जाएगा गोदियाल पर बिना तथ्यों एवं प्रमाणों के झूठे आरोप लगाकर जांच प्रभावित करने और दोषियों को बचाने की कोशिश लगाया है। पार्टी मुख्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए, उन्होंने कहा, श्री बदरीनाथ और श्री केदारनाथ करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र हैं। यह किसी राजनीतिक दल की संपत्ति नहीं, बल्कि पूरे देश की श्रद्धा का विषय है। प्रदेश में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन और मुख्यमंत्री पुष्कर धामी के नेतृत्व में भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस की सरकार कार्य कर रही है। वर्तमान गड़बड़ी और चोरी के सामने आए दुर्भाग्यपूर्ण प्रकरण को मुख्यमंत्री ने पूरी गंभीरता और संवेदनशीलता से लिया है। उनके निर्देश पर उच्च स्तरीय जांच चल रही है, इसलिए हमारा उद्देश्य किसी को बचाना या इसकी छवि को खराब करना नहीं, बल्कि हम चाहते है कि सत्य सबके सामने आना चाहिए। इन सारे मामलों में तीन तरह की जांच चल रही है
एसआईटी, विभागीय जांच, और उच्च स्तरीय जांच राज्य स्तर पर कमिश्नर की अध्यक्षता में जांच गतिमान है। आज पूर्व अध्यक्ष, श्री बद्री-केदार मंदिर समिति और वर्तमान में कांग्रेस के अध्यक्ष, गणेश गोदियाल ने प्रेस वार्ता में कहा कि मंदिर के श्चंदा चोरश् आरोपों में जो दूसरा अभियुक्त गिरफ्तार हुआ है, उसने यह कहा है कि उसको ऊपर से निर्देश मिलते थे। मैं जानना चाहता हूँ कि गोदियाल जी को यह जानकारी कहाँ से मिली? क्या आरोपी से उनकी कोई बातचीत हुई है या पुलिस की जो जांच कर रही है, उसमें गोदियाल जी को कोई जानकारी प्राप्त हुई है? क्योंकि यह कहीं पर भी पब्लिक डोमेन में, मेरी जानकारी में यह बात नहीं है। और अगर यह बात झूठी है, तो मैं दावे के साथ कह सकता हूँ कि वह कहीं ना कहीं इस जांच को प्रभावित करने के लिए, दोषियों को बचाने के लिए, इस तरह की बयानबाजी कर रहे हैं।
वहीं जोर देते हुए कहा कि मंदिर में चंदा चोरी के जघन्य अपराध में जो भी कोई लिप्त होगा, उसको किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। हमारे प्रदेश के यशस्वी मुख्यमंत्री जी के सख्त निर्देश हैं और इस प्रकरण में उन्होंने स्पष्ट कहा भी है कि कोई भी दोषी होगा, उसको किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। और मैं स्वयं इस बात के लिए प्रतिबद्ध हूँ कि इस मामले में दूध का दूध और पानी का पानी अलग होकर सबके सामने आना चाहिए। कहा, गोदियाल जी से पूछना चाहता हूँ कि जब वह बद्रीनाथ मंदिर समिति के अध्यक्ष थे, तो क्या उन्हें सारे काम के निर्देश राहुल गांधी या प्रियंका गांधी जी से मिलते थे? अगर ऐसी परंपरा थी, जिसके आधार पर वह दावा कर रहे हैं, तो मैं उनको बताना चाहता हूँ कि यह भारतीय जनता पार्टी की परंपरा नहीं है। उनके यहाँ यह परंपरा रही होगी, शायद उसी परंपरा के आधार पर वह इस तरह की बेतुकी बातें कर रहे हैं। भाजपा में कभी भी किसी गलत काम को करने की शिक्षा नहीं दी जाती है। हमारी पार्टी सनातन के मार्गदर्शन में चलने वाली पार्टी है, जहाँ किसी को दिखाने के लिए ईमानदारी का ढोंग नहीं करना पड़ता है। हमारी पार्टी स्वयं से अनुशासित होकर, अनुशासित रहने का मंत्र देकर जनसेवा की सीख देती है।




