
Date/26/01/2026
Mussoorie/Uttarakhand prime 24×7
मसूरी। पहाड़ों की रानी मसूरी में सौहार्द और गंगा-जमुनी तहज़ीब की पहचान मानी जाने वाली बाबा बुल्ले शाह की 100 साल से अधिक पुरानी मजार में अज्ञात लोगों ने तोड़फोड़ की है। मामला शनिवार देर शाम का है। बताया जा रहा है कि बाबा बुल्ले शाह के पास ही मौजूद दो अन्य मजारों पूरी तरह क्षतिग्रस्त कर दिया गया। इतना ही नहीं मजार के दानपात्र को क्षतिग्रस्त कर दिया, जिससे मामला और भी गंभीर हो गया है।
मामले की सूचना मिलते ही बाबा बुल्ले शाह समिति के सदस्य मौके पर पहुंचे। मजार की हालत देखकर समिति के पदाधिकारियों और अनुयायियों में गहरा रोष और चिंता व्यक्त की। समिति का कहना है कि यह घटना केवल धार्मिक स्थल को नुकसान पहुंचाने की नहीं, बल्कि मसूरी के शांतिपूर्ण माहौल को बिगाड़ने की साजिश है।
बाबा बुल्ले शाह समिति ने स्पष्ट किया कि यह मजार किसी सरकारी भूमि पर नहीं थी। जांच में सामने आया है कि मजार निजी स्कूल की संपत्ति पर स्थित थी और स्कूल प्रशासन ने वर्षों पूर्व मजार स्थापित करने के लिए स्थान दिया गया था। समिति के अनुसार पूर्व में कुछ संगठनों ने मजार का विरोध किया गया, लेकिन प्रशासनिक जांच में किसी भी तरह का अतिक्रमण नहीं पाया गया।
पूर्व पालिका अध्यक्ष मनमोहन सिंह ने इस घटना को दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि मसूरी हमेशा से भाईचारे और सांप्रदायिक सौहार्द का प्रतीक रही है। इस तरह की हरकतें शहर की छवि को नुकसान पहुंचाने वाली हैं। उन्होंने शासन-प्रशासन से मांग की कि दोषियों की पहचान कर उनके खिलाफ तत्काल कठोर कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।



