रुद्रप्रयाग में अलकनंदा नदी ने किया खतरे के निशान को पार
नदी किनारे स्थित आवासीय भवनों तक पंहुचा नदी का पानी
दिनांक/24/08/2025
Rudraprayag/ Uttarakhandprime 24×7
रुद्रप्रयाग। रुद्रप्रयाग में अलकनंदा नदी खतरे के निशान को पार करते हुए बह रही है। नदी किनारे स्थित आवासीय घरों तक नदी का पानी पहुंच चुका है और सुरक्षा को देखते हुए इन घरों को खाली करवा दिया है।
चमोली जिले में हो रही बारिश के बाद रुद्रप्रयाग में अलकनंदा नदी विकराल रूप धारण करके बह रही है। नदी ने खतरे के निशान को पार कर दिया है। फिलहाल नदी किनारे जाने पर रोक है और आवासीय भवनों को खाली करवा दिया है। नदी में तमाम तरह का कूड़ा करकट भी बहकर आ रहा है। लगातार हो रही वर्षा के कारण जनपद अंतर्गत अलकनंदा और मंदाकिनी नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। शनिवार सुबह 8 बजे अलकनंदा नदी का जलस्तर 626.90 मीटर दर्ज किया गया, जो खतरे के निशान 627.00 मीटर से केवल 10 सेंटीमीटर नीचे था। जबकि चेतावनी स्तर 626.00 मीटर को पहले ही पार कर चुका है। इसी तरह, मंदाकिनी नदी का जलस्तर 625.10 मीटर मापा गया है, जो चेतावनी स्तर 625.00 मीटर को पार कर चुका है और अब खतरे के स्तर 626.00 मीटर के नजदीक पहुंच रहा है। नदी के जलस्तर में बढ़ोतरी को देखते हुए जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। जिला आपदा प्रबंधन टीम, एसडीआरएफ और जल पुलिस की टीमें लगातार जलस्तर की निगरानी कर रही हैं। इसके साथ ही नदी तटवर्ती क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने के निर्देश जारी कर दिए गए हैं। प्रशासन द्वारा समय-समय पर एनाउंसमेंट के माध्यम से लोगों को जरूरी जानकारी दी जा रही है और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह रजवार ने बताया कि लगातार केदारनाथ और बद्रीनाथ क्षेत्र में तेज बारिश जारी है, जिस कारण नदियों का जल स्तर बढ़ गया है। नदी किनारे बसे नागरिकों से अपील की गई है कि वे नदी की ओर अनावश्यक न जाएं। प्रशासन द्वारा जारी निर्देशों का पालन करें और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत प्रशासनिक सहायता प्राप्त करें।




