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मैक्स हॉस्पिटल ने सफल एबीओ-इनकम्पैटिबल किडनी ट्रांसप्लांट किया 

मैक्स हॉस्पिटल ने सफल एबीओ-इनकम्पैटिबल किडनी ट्रांसप्लांट किया 

Date/27/12/2025

Dehradun/ Uttarakhand prime 24×7 

देहरादून। उत्तराखंड में हाई-एंड रीनल ट्रांसप्लांट सेवाओं तक पहुंच को आगे बढ़ाते हुए, मैक्स सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल, देहरादून ने सफलतापूर्वक एक एबीओ इनकम्पैटिबल किडनी ट्रांसप्लांट किया है। यह एक एडवांस्ड प्रक्रिया है जो ब्लड ग्रुप के पार ट्रांसप्लांट की अनुमति देती है। उम्मीद है कि इस उपलब्धि से उन मरीजों को काफी फायदा होगा जिन्हें अपने परिवार में कम्पैटिबल ब्लड ग्रुप वाला डोनर ढूंढने में मुश्किल होती है। मरीज, 24 साल की अदिति, जो देहरादून की रहने वाली और छात्रा हैं, पिछले दो सालों से एंड स्टेज रीनल डिजीज से पीड़ित थीं और किडनी फेल होने के बाद लंबे समय तक हीमोडायलिसिस पर निर्भर थीं। उनकी मां, 52 साल की सुनीता, एक इच्छुक डोनर के रूप में आगे आईं, लेकिन उनके ब्लड ग्रुप में बेमेल होने के कारण पारंपरिक ट्रांसप्लांट संभव नहीं था। मैक्स हॉस्पिटल, देहरादून में अब उपलब्ध एडवांस्ड ट्रांसप्लांट तकनीकों के माध्यम से, सुनीता अपनी किडनी डोनेट कर पाईं, जिससे उनकी बेटी का जीवन बचाने वाला ट्रांसप्लांट हो सका।

इस प्रगति के महत्व पर बात करते हुए, डॉ. पुनीत अरोड़ा, एसोसिएट डायरेक्टर नेफ्रोलॉजी और किडनी ट्रांसप्लांट, मैक्स हॉस्पिटल, देहरादून ने कहा, “किडनी की मांग आपूर्ति से कहीं ज़्यादा है, और कई मरीज उम्मीद खो देते हैं क्योंकि ब्लड ग्रुप से मेल खाने वाला डोनर उपलब्ध नहीं होता है। एबीओ-इनकम्पैटिबल ट्रांसप्लांटेशन एक मान्य और सफल तकनीक है, लेकिन भारत में केवल कुछ चुनिंदा केंद्रों के पास ही इसे सुरक्षित रूप से करने के लिए इंफ्रास्ट्रक्चर और विशेषज्ञता है। अब देहरादून में यह क्षमता उपलब्ध होने से, जब परिवार में कोई इच्छुक डोनर मौजूद हो, तो मरीजों को अब केवल ब्लड ग्रुप कम्पैटिबिलिटी पर निर्भर रहने की ज़रूरत नहीं है। यह ट्रांसप्लांटेशन का एक नया रास्ता और जीवन की एक नई उम्मीद खोलता है।” यह सर्जरी डॉ. अरोड़ा के नेतृत्व में की गई, जिसमें डॉ. मनीष शर्मा कंसल्टेंट (नेफ्रोलॉजी), डॉ. दीपक गर्ग सीनियर कंसल्टेंट (यूरोलॉजी और किडनी ट्रांसप्लांट), और डॉ. तारिक नसीम पिं्रसिपल कंसल्टेंट (यूरोलॉजी और किडनी ट्रांसप्लांट) सहित एक मल्टीडिसिप्लिनरी टीम और समर्पित एनेस्थीसिया और क्रिटिकल केयर विशेषज्ञों ने सहयोग किया। ट्रांसप्लांट के बाद, अदिति की एक विशेष इंटेंसिव केयर यूनिट में बारीकी से निगरानी की गई, जहां उनकी स्थिति स्थिर रही और रीनल फंक्शन में लगातार सुधार हुआ, जिससे उन्हें संतोषजनक स्वास्थ्य में डिस्चार्ज किया गया। डोनर, सुनीता भी सर्जरी के बाद ठीक हो गईं। इस सफल। एबीओ-इनकम्पैटिबल ट्रांसप्लांट के साथ, मैक्स सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल, देहरादून, एक व्यापक रीनल केयर प्रोवाइडर के रूप में अपनी भूमिका को और मज़बूत करता है, जो पहले मुख्य रूप से मेट्रो शहरों में ही उपलब्ध एडवांस्ड, हाई-रिस्क प्रोसीजर करने में सक्षम है।

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