
दिनांक/02/06/2025
Dehradun/Uttarakhandprime 24×7
देहरादून। अंकिता भंडारी हत्याकांड के मामले को लेकर सवाल उठाने वाली कांग्रेस को अपने गिरेबान में भी झांकना चाहिए, कांग्रेस पार्टी की सरकार के दौरान महिलाएं कितनी सुरक्षित थी यह कांग्रेस पार्टी को बताना चाहिए किस कदर अपराधी बेखौफ होकर घूमते थे कांग्रेस पार्टी को यह भूलना नहीं चाहिए। कांग्रेस पार्टी के सवाल पर भाजपा महिला मोर्चा ने पलटवार किया है भाजपा महिला मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष आशा नौटियाल का कहना है कि अंकिता भंडारी हत्याकांड के बाद अपराधियों को 24 घंटे के अंदर जेल भेजा गया था आज भी वे सभी जेल की सलाखों के पीछे ही है सरकार ने तत्परता दिखाते हुए महिला आईपीएस अधिकारी पी रेणुका देवी की अध्यक्षता में एसआईटी टीम का गठन किया जिसकी बदौलत अपराधियों को जमानत नहीं मिल पाई उन्हें उनके गुनाहों की सजा मिली है ।तीनों गुनहगारों को उम्र कैद की सजा हुई है।
गैंगस्टर एक्ट के तहत अपराधियों पर कार्रवाई की गई धामी सरकार ने जहां अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की वहीं अंकिता भंडारी के पीड़ित परिवार को 25 लाख रुपए की आर्थिक मदद दी। सरकार ने यह भी आश्वासन दिया, अपराधियों को उनके गुनाहों की सजा दिलाने के लिए सरकार हर संभव काम करती रहेगी।
यह साबित किया एसआईटी ने 500 पन्नों की चार्जसीट को दाखिल किया 100 गवाहों के बयान दर्ज किए गए अपराधियों को सजा मिली। भाजपा महिला मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष आशा नौटियाल का कहना है कि कांग्रेस पार्टी के साथ कुछ तथा कथित सोशल एक्टिविस्ट बेबुनियादी दलीलों को खारिज कर दिया। राजनीतिक लाभ लेने के लिए कांग्रेस पार्टी राजनीतिक रोटियां सेंकने का काम कर रही है
भाजपा महिला मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष का कहना है कि आरोपियों ने जितनी बार जमानत अर्जी दाखिल की सरकारी अधिवक्ता की मजबूत पैरवी होने की वजह से आरोपियों की जमानत याचिका खारिज हों गई। यह साबित करता है कि सरकार ने कितने निष्पक्षता के साथ में काम किया और जिसकी वजह से अपराधियों को उनके गुनाहों की सजा मिली है। सरकार की तरफ से अंकिता भंडारी के पिता को गार्ड की नौकरी का अपॉइंटमेंट दिया गया साथ ही अंकिता भंडारी के भाई को अपॉइंटमेंट लेटर भी दिया गया। अपराधियों को सजा दिलाने के लिए अधिवक्ता बदलने का भी काम किया ।यह साबित करता है कि सरकार इस पूरे हत्याकांड में कितनी संजीदगी के साथ में काम किया । तीनों अपराधियों को उम्र कैद की सजा हुई है। मगर कांग्रेस पार्टी आज अंकिता भंडारी के बहाने राजनीतिक रोटियां सेंकने का काम कर रही है कांग्रेस पार्टी को खुद अपने गिरेबान में झांकना चाहिए कि कांग्रेस पार्टी की शासन काल के दौरान कैसे-कैसे कांड हुए थे।




